Rajasthan Sujas E-Bulletin 1 May 2026
01 मई 2026 का सुजस बुलेटिन प्रतियोगी परीक्षाओं (Competitive Exams) के लिए ‘गागर में सागर’ है। युवाओं के वैश्विक कौशल विकास (Global Skill Development) हेतु राजस्थान सरकार ने EFLU (हैदराबाद) व NSDC के साथ ऐतिहासिक एमओयू (MoU) किए हैं। कृषि क्षेत्र में क्रांति लाने के लिए अहमदाबाद में ‘ग्राम-2026’ (GRAM-2026) इन्वेस्टर मीट का आयोजन हुआ । जल संरक्षण हेतु ‘राम जल सेतु’ (17 जिले) व ‘यमुना जल समझौता’ (शेखावाटी) जैसी परियोजनाएं मील का पत्थर हैं। साथ ही, भारत की पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना-2027 (Digital Census 2027) का स्व-गणना (Self-enumeration) चरण 01 मई से प्रारंभ हो गया है। यह सामग्री आपकी सफलता का आधार बनेगी!
राजस्थान सुजस ई-बुलेटिन सार (01 मई 2026): वैश्विक उड़ान भरते युवा, ‘ग्राम-2026’ (GRAM-2026) से कृषि क्रांति और भारत की पहली डिजिटल जनगणना-2027 का शंखनाद –RPSC/RAS के लिए ‘ब्रह्मास्त्र’!
तिथि: 01 मई, 2026
Table of Contents
राजस्थान प्रतियोगी परीक्षाओं (RAS, Ist Grade, REET, CET इत्यादि) की तैयारी करने वाले सभी होनहार अभ्यर्थियों का ‘Rajasthan Exams’ की ओर से स्वागत है! आपके लक्ष्य को भेदने के लिए 01 मई 2026 के सुजस बुलेटिन का संपूर्ण, सटीक और परीक्षा-उपयोगी विश्लेषण (Exam-oriented analysis) नीचे प्रस्तुत है।
📖 Full Story: प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए ‘स्मार्ट स्टडी मटेरियल’ (Smart Study Material)
इस खण्ड में सुजस के कठिन तथ्यों को सरल भाषा, तालिकाओं (Tables) और कॉन्सेप्ट मैप्स (Concept Maps) के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है, ताकि एक बार पढ़ने पर ही दिमाग में छप जाए।
राजस्थान की वर्तमान विकास यात्रा केवल बुनियादी ढांचे (Infrastructure) तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ‘कौशल विकास’ (Skill Development), ‘कृषि नवाचार’ (Agricultural Innovation) और ‘डिजिटल सुशासन’ (Digital Governance) का एक अनूठा संगम है। जहाँ एक ओर युवाओं को वैश्विक अवसरों (Global Opportunities) के लिए तैयार किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर ‘ग्राम-2026’ (GRAM-2026) जैसे आयोजनों के माध्यम से राज्य की ग्रामीण अर्थव्यवस्था (Rural Economy) को निवेश का नया केंद्र बनाया जा रहा है। यह समग्र दृष्टिकोण न केवल आर्थिक आंकड़ों को सुधारता है, बल्कि सामाजिक-आर्थिक ढांचे (Socio-Economic Fabric) को भी मजबूती प्रदान करता है।
1. विदेशी भाषा संचार कौशल कार्यक्रम (Foreign Language Communication Skill Program)

युवाओं को रोजगार खोजने वाले (Job Seekers) से रोजगार देने वाले (Job Creators) और वैश्विक नागरिक (Global Citizens) बनाने के लिए यह पहल की गई है।
राज्य सरकार ने युवाओं को वैश्विक स्तर पर रोजगार के अवसर दिलाने के लिए महत्वपूर्ण समझौते किए हैं।
प्रमुख समझौते (Key MoUs):
- EFLU (English and Foreign Languages University), हैदराबाद के साथ विदेशी भाषा प्रशिक्षण हेतु।
- NSDC (National Skill Development Corporation) के साथ ‘स्किल इंडिया इंटरनेशनल सेंटर’ (Skill India International Centre), जयपुर की स्थापना हेतु।
सिखाई जाने वाली भाषाएं (Target Languages):
फ्रेंच, जर्मन, स्पेनिश, जापानी और कोरियन।
उद्देश्य (Objective):
- बहुराष्ट्रीय कंपनियों (MNCs), अंतरराष्ट्रीय संगठनों और पर्यटन (Tourism) क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ाना।
- यूरोपीय यूनियन (European Union) के साथ हुए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (Free Trade Agreement) का लाभ उठाना।
शिक्षा नीति से जुड़ाव (Link to NEP 2020):
यह राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के, शिक्षा को बहुभाषी (Multilingual) और अंतरराष्ट्रीय (International) बनाने के विजन, के अनुरूप है।
2. ग्राम-2026 (GRAM-2026) और कृषि क्षेत्र में निवेश (Agriculture Investment)

कृषि और निवेश का महाकुंभ: ‘ग्राम-2026′ (GRAM-Global Rajasthan Agritech Meet)
राजस्थान की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार आज भी कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र (Agriculture and Allied Sectors) है। राज्य सरकार ने कृषि को केवल जीवनयापन का साधन न मानकर उसे एक ‘लाभदायक व्यवसाय’ (Profitable Business) बनाने के लिए ‘ग्राम-2026’ का खाका तैयार किया है। कृषि और निवेश को बढ़ावा देने के लिए ‘ग्राम-2026’ का आयोजन किया जा रहा है।
मुख्य आयोजन में अधिकाधिक निवेश आमंत्रित करने के लिए राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों के तहत देश भर के मुख्य शहरों में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा इन्वेस्टर मीट (Investor Meet) का आयोजन किए जाने की कड़ी में, अहमदाबाद (गुजरात) में इन्वेस्टर मीट (Investor Meet) का आयोजन किया गया।
- GRAM-2026 मुख्य आयोजन (Main Event): 23 से 25 मई 2026 तक जयपुर में प्रस्तावित।
- राजस्थान का कृषि वर्चस्व (Rajasthan’s Agricultural Dominance): राजस्थान बाजरा (Pearl Millet), सरसों (Mustard), ईसबगोल (Psyllium Husk), और जीरा (Cumin) उत्पादन में देश में अग्रणी (Leading) है।
- अन्य घोषणाएं: राजस्थान फाउंडेशन के अहमदाबाद चैप्टर (Ahmedabad Chapter) का शुभारंभ।
📊 राजस्थान में खाद्य प्रसंस्करण एवं कृषि योजनाएं (Food Processing & Agri Schemes at a Glance):
| योजना/तथ्य (Scheme/Fact) | महत्वपूर्ण आंकड़े व विवरण (Important Data & Details) | टिप्पणी (Remarks) |
| फूड पार्क (Food Parks) | 39 फूड पार्कों के विकास की परिकल्पना, 34 स्थानों पर भूमि चिन्हित (Land Identified)। | |
| खाद्य प्रसंस्करण निवेश (Food Processing Investment) | 1500+ यूनिट्स में ₹3500 करोड़ से अधिक का निवेश। | |
| राइजिंग राजस्थान समिट (Rising Rajasthan Summit) | कृषि क्षेत्र में लगभग ₹44,000 करोड़ के एमओयू (MoU), ₹10,000 करोड़ का निवेश धरातल पर। | राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024 (Rising Rajasthan Global Investment Summit 2024) का आयोजन 9 से 11 दिसंबर 2024 तक जयपुर में किया गया था। इस समिट के तहत राजस्थान सरकार ने रिकॉर्ड ₹35 लाख करोड़ से अधिक के निवेश समझौते (Memorandums of Understanding) किए थे। |
| PM किसान सम्मान निधि (Kisan Samman Nidhi) | 76 लाख+ किसानों को ₹12,000 करोड़+ की राशि हस्तांतरित (Transferred)। | प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना भारत सरकार की एक अत्यंत महत्वपूर्ण पहल है, जिसका उद्देश्य देश के सभी भूमिधारक किसान परिवारों को आय सहायता प्रदान करना है। इस योजना की घोषणा 1 फरवरी 2019 को पीयूष गोयल द्वारा अंतरिम बजट में की गई थी और इसे दिसंबर 2018 से प्रभावी माना गया था। इस योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को प्रति वर्ष ₹6,000 की वित्तीय सहायता दी जाती है। यह राशि सीधे किसान के बैंक खाते में डीबीटी (DBT) के माध्यम से भेजी जाती है। |
| PM फसल बीमा योजना (PM Fasal Bima Yojana) | ₹6500 करोड़+ के बीमा क्लेम वितरित, 2.20 करोड़ बीमा पॉलिसी सृजित। | प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) भारत सरकार द्वारा 18 फरवरी 2016 को शुरू की गई एक प्रमुख कृषि योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं, कीटों और बीमारियों के कारण फसल के नुकसान की स्थिति में किसानों को वित्तीय सुरक्षा और सहायता प्रदान करना है। |
| PM कुसुम योजना (PM KUSUM) | 65,000 से अधिक सोलर पंप (Solar Pumps) स्थापित। | प्रधानमंत्री कुसुम योजना (PM-KUSUM) का पूरा नाम “प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान” है। भारत सरकार के नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE) द्वारा इस योजना को वर्ष 2019 में शुरू किया गया था। इस योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को सिंचाई के लिए डीजल और बिजली वाले पंपों की जगह सोलर पंप उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही, यह योजना किसानों को केवल “अन्नदाता” से “ऊर्जादाता” (Energy Producer) बनने का अवसर भी देती है, जिससे वे अतिरिक्त आय कमा सकते हैं। |
| राजस्थान सहकारी गोपाल क्रेडिट कार्ड ऋण योजना | पशुपालकों को 1 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण (Interest-free loan)। | गोपाल क्रेडिट कार्ड (Gopal Credit Card) योजना राजस्थान सरकार द्वारा विशेष रूप से राज्य के पशुपालकों और डेयरी किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए शुरू की गई है। यह योजना काफी हद तक ‘किसान क्रेडिट कार्ड’ (KCC) की तर्ज पर काम करती है, लेकिन इसका मुख्य ध्यान पशुपालन से संबंधित जरूरतों पर है। मुख्य उद्देश्य: पशुपालकों को गाय, भैंस जैसे दुधारू पशुओं के लिए चारा, दाना और अन्य आवश्यक उपकरण खरीदने के लिए ब्याज मुक्त ऋण (Interest-Free Loan) उपलब्ध कराना। ऋण राशि: पशुपालकों को 1 लाख रुपये तक का अल्पकालिक ऋण (Short-term loan) प्रदान किया जाता है। ब्याज मुक्त: यदि किसान समय पर ऋण का भुगतान कर देता है, तो उससे कोई ब्याज नहीं लिया जाता। इस योजना के लिए राजस्थान सरकार ने बजट 2024-25 में घोषणा की थी। |
- मूल्य संवर्धन (Value Addition): इसका मुख्य उद्देश्य कच्चे कृषि उत्पादों को प्रसंस्कृत उत्पादों में बदलकर किसानों की आय को दोगुना करना है।
- निर्यात प्रोत्साहन (Export Promotion): राजस्थान के मसाला, तिलहन और बाजरा (Millets) को वैश्विक बाजारों (Global Markets) तक पहुँचाना।
- राजस्थान का फसल परिदृश्य: अग्रणी राज्य (Crop Production & Rankings)
- राजस्थान ने अपनी विषम भौगोलिक परिस्थितियों (Adverse Geographical Conditions) के बावजूद कृषि उत्पादन में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं।
- तिलहन (Oilseeds): राजस्थान देश में सरसों (Mustard) और रायडा के उत्पादन में प्रथम स्थान पर है। देश की कुल सरसों का लगभग 40% से अधिक हिस्सा यहीं पैदा होता है।
- पोषक अनाज (Nutri-Cereals): बाजरा (Pearl Millet) के उत्पादन में राजस्थान का एकाधिकार (Monopoly) जैसा है। राज्य ‘श्री अन्न’ (Shree Anna) के प्रचार-प्रसार में अग्रणी है।
- दलहन (Pulses): चना और मूंग के उत्पादन में भी राजस्थान शीर्ष राज्यों (Top States) की श्रेणी में आता है।
- राजस्थान ने अपनी विषम भौगोलिक परिस्थितियों (Adverse Geographical Conditions) के बावजूद कृषि उत्पादन में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं।

- पशुधन (Livestock): कृषि के साथ-साथ पशुपालन का योगदान बढ़ता जा रहा है। आर्थिक समीक्षा 2025-26 के अनुसार, कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों के सकल मूल्य वर्धन (GSVA) में पशुधन का हिस्सा 49.35% (प्रचलित मूल्यों पर) तक पहुँच गया है।
3. ऊर्जा एवं जल संसाधन (Energy & Water Resources)

- ऊर्जा (Energy): पिछले दो वर्षों में राज्य में 8,670 मेगावाट (MW) क्षमता की वृद्धि की गई है। 24 जिलों में किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध।
- जल परियोजनाएं (Water Projects):
- राम जल सेतु लिंक परियोजना (Ram Jal Setu Link Project): प्रदेश के 17 जिलों को लाभान्वित करने हेतु।
- यमुना जल समझौता (Yamuna Water Agreement): विशेष रूप से शेखावाटी (Shekhawati) क्षेत्र के लिए।
- अन्य सुदृढ़ीकरण: देवास (Dewas), IGNP (इंदिरा गांधी नहर परियोजना), और गंगनहर (Gang Canal) परियोजनाओं का सुदृढ़ीकरण।
4. भारत की पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना-2027 (India’s First Fully Digital Census-2027)
- शुभारंभ: राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे द्वारा लोक भवन (राजभवन) से ‘स्व-गणना’ (Self-enumeration) के माध्यम से शुभारंभ। मुख्यमंत्री ने भी वेब पोर्टल (se.census.gov.in) पर अपना विवरण दर्ज किया।
- चरण-1 (Phase-1):
- स्व-गणना (Self-enumeration): 1 मई से 15 मई 2026 तक (नागरिक स्वयं ऑनलाइन डेटा भरेंगे)।
- प्रगणक द्वारा गणना (House listing by Enumerators): 16 मई 2026 से घर-घर जाकर गणना शुरू।
- विशेषता: यह भारत की पहली डिजिटल जनगणना है जिसमें डेटा संग्रह डिजिटल उपकरणों (Digital Devices) और सुरक्षित वेब-प्रणाली के माध्यम से होगा।
5. महत्वपूर्ण शब्दावली (Key Terminology)
Multilingualism (बहुभाषीवाद): एक से अधिक भाषाओं का ज्ञान होना, जो NEP 2020 का मुख्य आधार है।
Job Mobility (रोजगार गतिशीलता): कौशल के आधार पर एक स्थान या देश से दूसरे स्थान पर काम के लिए जाने की क्षमता।
Demographic Dividend (जनसांख्यिकीय लाभांश): कार्यशील जनसंख्या (15-59 वर्ष) का कुल जनसंख्या में अधिक अनुपात, जिसका लाभ कौशल विकास से मिलता है।
6. सुजस ई-प्रश्नोत्तरी (महत्वपूर्ण वस्तुनिष्ठ प्रश्न)
7. अभ्यास-प्रश्न
3. राजस्थान सरकार द्वारा विदेशी भाषा संचार कौशल कार्यक्रम के तहत किन विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण दिया जाएगा?
4. हाल ही में किस विश्वविद्यालय के साथ राजस्थान सरकार ने विदेशी भाषा संचार कौशल कार्यक्रम के लिए समझौता (MoU) किया है?
